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श्योपुर जिले के पर्यटन Sheopur District Tourism GK History

श्योपुर जिले के प्रमुख पर्यटक स्थल

चंबल नदी के किनारे बसा हुआ तथा राजस्थान की सीमा को छूता हुआ एक छोटा सा जिला श्योपुर है । 25 मई सन 1998 में श्योपुर को मुरैना जिले से अलग करके एक नया जिला बनाया गया था। वर्तमान में श्योपुर अपनी लकड़ी की नक्काशी के लिए प्रसिद्ध है। श्योपुर को मध्यप्रदेश में सहरिया जनजाति का घर कहा जाता है। इस जिले के अंतर्गत आने वाला विजयपुर का किला यहां बहने वाली कुंवारी नदी के किनारे बना हुआ है। मध्य प्रदेश का प्रसिद्ध पालपुर कूनो अभ्यारण श्योपुर, मुरैना जिले में फैला हुआ है । गुजरात के गिर अभ्यारण से लाकर एशियाई शेरों को यहीं पर बसाया जा रहा है । साहित्य गजानन माधव मुक्तिबोध का जन्म श्योपुर में ही हुआ था ।

☑️ सहरिया जनजाति का संग्रहालय

यहीं पर सहरिया जनजाति का संग्रहालय बनाया गया है। इसके अलावा खेत्रपाल का जैन मंदिर, बरोदा का जल मंदिर, शिवनाथ निमोदा का मठ , त्रिवेणी संगम, डोब कुंड और ध्रुव कुंड इस जिले के प्रमुख दर्शनीय स्थल है। श्योपुर जिले की कराहल तहसील को ही सहरिया जनजाति के घर के रूप में जाना जाता है। सन 1301 में अलाउद्दीन खिलजी ने श्योपुर को जीत लिया था । मध्यप्रदेश में श्योपुर न्यूनतम जनसंख्या घनत्व वाला दूसरा जिला है। यहां पर जनसंख्या घनत्व 85 व्यक्ति प्रति वर्ग किलोमीटर है । श्योपुर जिले के अंतर्गत केवल 3 तहसीलें और 2 विधानसभा आती है।

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श्योपुर जिले के प्रमुख पर्यटक स्थल
देशभारत
राज्यमध्य प्रदेश
संभागचंबल संभाग
जिलाश्योपुर
जिला मुख्यालयश्योपुर
तहसील3
विधानसभा2
सहरिया जनजाति का घर किसे कहते हैंश्योपुर को
जनसंख्या घनत्व85 व्यक्ति प्रति वर्ग किलोमीटर
डॉग कुंडश्योपुर
त्रिवेणी संगमश्योपुर
सहरिया जनजाति का संग्रहालयश्योपुर
श्योपुर को नया जिला कब बनाया गया1998
श्योपुर किस जिले से अलग होकर के नया जिला बनामुरैना
डब्ल्यूएचओ की रिपोर्ट के अनुसार राज्य का सबसे कुपोषित जिलाश्योपुर

☑️ WHO की रिपोर्ट के अनुसार मध्यप्रदेश का सबसे कुपोषित जिला

श्योपुर डब्ल्यूएचओ की रिपोर्ट के अनुसार राज्य का सबसे कुपोषित जिला है। चंबल नदी के किनारे स्थित श्योपुर मध्य प्रदेश के उत्तर में स्थित है । परंतु उत्तर प्रदेश राज्य से सबसे सीमा नहीं बनाता है। श्योपुर में स्थित कूनो पालपुर अभ्यारण को हाल ही में 27 दिसंबर 2018 को राष्ट्रीय उद्यान का दर्जा दिया गया है । कूनो पालपुर राष्ट्रीय उद्यान में एशियाई शेरों को या बब्बर शेरों को संरक्षण दिया जा रहा है।

श्योपुर जिले की प्रमुख पर्यटक स्थल निम्न है

  • ☑️ श्योपुर का किला
    ☑️ ध्रुव कुंड
    ☑️ डॉब कुंड
    ☑️ ध्रुव कुंड
    ☑️ राम जानकी मंदिर
    ☑️ त्रिवेणी संगम रामेश्वर
    ☑️ विजयपुर दुर्ग
  • ☑️ कूनो वन्य जीव अभ्यारण या कूनो नेशनल पार्क
    ☑️ देवरी हनुमान मंदिर
    ☑️ ईदगाह शेरशाह सूरी
    ☑️ पार्वती मंदिर
    ☑️ जल मंदिर
    ☑️ छिम छिमा हनुमान मंदिर

⏹️ श्योपुर किला

यह किला श्योपुर में स्थित ऐतिहासिक स्थलों में से एक है। यहां पर घूमने के लिए रानी महल , दरबार हॉल, सहरिया जनजाति संग्रहालय जैसी कई आकर्षक साइट है। इसके किले की वास्तुकला अद्भुत है यह किला सीप नदी के पास स्थित है।

श्योपुर किला

⏹️ ध्रुव कुंड

ध्रुव कुंड शिवपुर से 30 किलोमीटर की दूरी पर आहेली नदी के किनारे बसा ग्राम उतानवाड़ में स्थित है । यह एक चमत्कारिक कुंड है जिसे ध्रुव कुंड कहते हैं इस में नहाने से लोगों के चर्म रोग मिट जाते है । यहां पर चरण पादुका बने हुए हैं इसलिए इस ध्रुव कुंड कहा जाता है।
भीषण गर्मी में भी यह कुंड कभी नहीं सूखता। गांव में 200 साल पुराना भगवान गोविंद जी का मंदिर स्थित है। इस मंदिर पर एक शिलालेख लिखा हुआ है जिसके अनुसार मंदिर का निर्माण 1854 में हुआ था । जिसके अनुसार भगवान दास गौड द्वारा इस मंदिर का निर्माण कराने का उल्लेख मिलता है। इस मंदिर में कृष्ण जी का भी एक मंदिर है।

⏹️ डॉब कुंड

यह श्योपुर जिले में स्थित एक ऐतिहासिक स्थल है । यहां कछवाहा साम्राज्य की राजधानी थी। यहां पर चंबल घाटी का एक शहर था। जिसे डॉब कहा जाता था। इस शहर में 2 कुंड हैं जो प्राकृतिक है जो कभी खाली नहीं होते हैं। इस जगह में हजारों साल पुरानी शैल चित्रों और प्रतिमाएं स्थित है। यह प्रतिमा एवं शैल चित्र दसवीं एवं 11वीं शताब्दी के हैं। यहां की सुंदरता अद्भुत है यहां पर अनेक जैन मंदिर भी स्थित है।

⏹️ राम जानकी मंदिर श्योपुर

राम जानकी मंदिर श्योपुर में सीप नदी के किनारे श्योपुर किले के पास स्थित है। यहां पर आप आसानी से पहुंच सकते हैं। यह 15वीं शताब्दी में बनाया गया था। रामनवमी में यहां बड़ा उत्सव मनाया जाता है।

राम जानकी मंदिर श्योपुर

⏹️ त्रिवेणी संगम रामेश्वर

त्रिवेणी संगम रामेश्वर स्थान श्योपुर से 40 किलोमीटर की दूरी पर राजस्थान एवं मध्य प्रदेश की सीमा पर स्थित है। यह स्थल पूर्ण पर्यटन स्थल है। यहां पर शीप नदी, चंबल नदी एवं बनास नदी का संगम धार्मिक महत्व के कारण प्रसिद्ध है। यहां पर भगवान परशुराम ने तपस्या की थी। और भगवान राम और जानकी माता का पुनर्मिलन भी इसी जगह पर हुआ था। यहां पर मेले का आयोजन भी होता है । बहुत से लोग संगम में डुबकी लगाने के लिए यहां पर आते हैं।

⏹️ विजयपुर दुर्ग

विजयपुर दुर्गे श्योपुर में कुंवारी नदी के तट पर स्थित है। इसे मझोला दुर्ग के नाम से भी जाना जाता है। करौली राजा विजय शाह ने इस किले को बनवाया था।

⏹️ कूनो वन्य जीव अभ्यारण या कूनो नेशनल पार्क

यह अभ्यारण मुरैना एवं श्योपुर जिले में स्थित है। इस अभ्यारण को 2008 में नेशनल पार्क का दर्जा प्राप्त हुआ है। इस अभ्यारण की स्थापना 1981 में हुई थी । यह लगभग 413 वर्ग किलोमीटर के क्षेत्र में फैला हुआ है। यहां पर आपको जंगली जानवर देखने के लिए मिल जाएंगे।

कूनो वन्य जीव अभ्यारण या कूनो नेशनल पार्क

⏹️ देवरी हनुमान मंदिर

देवरी हनुमान मंदिर श्योपुर में स्थित एक प्रसिद्ध हनुमान मंदिर है। यह मंदिर हनुमान जी को समर्पित है। यहां पर हनुमान जयंती पर लोगों का जनसैलाब उमड़ पड़ता है।

⏹️ ईदगाह शेरशाह सूरी

यह श्योपुर में स्थित एक ऐतिहासिक स्थान है । इस स्थल का निर्माण सुल्तान शेरशाह सूरी द्वारा किया गया था। यहां नमाज अदा करने के लिए मुसलमान लोग आते हैं। यहां पर एक गार्डन भी है।

⏹️ पार्वती मंदिर

यह मंदिर शिवपुर से 3 किलोमीटर की दूरी पर जाट खेड़ा गांव में स्थित है। यह मंदिर 300 साल पुराना है
यह मंदिर पार्वती माता को समर्पित है। यहां पर 20 सीढ़ी है 17 सीढ़ी के बाद महिला का जाना मना है 18 वीं सीढ़ी में लिखा है कि महिला और युवती का आगे जाना मना है।

⏹️ जल मंदिर

यह मंदिर शिवपुर जिले की बड़ौदा गांव में स्थित है। यह मंदिर भगवान शिव को समर्पित है। यहां पर महाशिवरात्रि में मेले का आयोजन होता है।

जल मंदिर Sheopur

⏹️ छिम छिमा हनुमान मंदिर

यह मंदिर शिवपुर जिले के विजयपुर क्षेत्र में स्थित है । यह मध्य प्रदेश , उत्तर प्रदेश और राजस्थान में बहुत ही प्रसिद्ध है। इस मंदिर में दूर-दूर से लोग आते हैं। यह मंदिर 500 साल पुराना है । 17वीं शताब्दी में मुगल सेना ने इस मंदिर को तोड़ने की कोशिश किया था तो हनुमान जी ने चमत्कार से मुगल सेना की यह सोच पूरी नहीं हो सकी। इस मंदिर में अमावस्या के दिन मेले का आयोजन होता है।

श्योपुर जिले के पर्यटक स्थल FAQ’S [ Tourist Places in Sheopur District FAQ’S ]

✔️ श्योपुर जिले में कितनी विधानसभा है?

उत्तर- 2

✔️ श्योपुर जिले में कितनी तहसीलें हैं?
उत्तर- 3

✔️ डब्ल्यूएचओ की रिपोर्ट के अनुसार मध्य प्रदेश का कौन सा जिला सबसे कुपोषित जिला है?
उत्तर- श्योपुर

✔️ मध्यप्रदेश में सहरिया जनजाति का संग्रहालय किस जिले में स्थित है?
उत्तर- श्योपुर

✔️ विजयपुर का किला मध्य प्रदेश के किस जिले में स्थित है?
उत्तर- श्योपुर

✔️ कूनो पालपुर राष्ट्रीय उद्यान किस जिले में स्थित है?
उत्तर- श्योपुर

✔️ एशियाई शेर और बब्बर शेरों का संरक्षण किस राष्ट्रीय उद्यान में किया जा रहा है ?
उत्तर- कूनो पालपुर राष्ट्रीय उद्यान

✔️ गजानन माधव मुक्तिबोध का जन्म मध्य प्रदेश के किस जिले में हुआ था ?
उत्तर- श्योपुर

✔️ श्योपुरी जिले को मध्य प्रदेश के किस जिले से अलग करके एक नया जिला बनाया गया था?
उत्तर- मुरैना जिले से

✔️ श्योपुर जिला कब बना था ?
उत्तर- 25 मई 1998

✔️ ध्रुव कुंड मध्य प्रदेश के किस जिले में स्थित है?
उत्तर- श्योपुर

✔️ डॉब कुंड मध्य प्रदेश के किस जिले में स्थित है?
उत्तर- श्योपुर

✔️ कुंवारी नदी के किनारे कौन सा किला स्थित है?
उत्तर- विजयपुर का किला

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